स्कूल फीस के लिए अभिभावकों पर विद्यालय नहीं बना सकते दबाव, उत्तराखंड हाई कोर्ट

हिन्दू लाइव डेस्क :- उत्तराखंड हाई कोर्ट ने आज फैसला सुनाते हुए कहा कि उत्तराखंड में विद्यालय प्रबंधन अब स्कूल फीस के लिए अभिभावकों पर दबाव नहीं बना सकते.

उत्तराखंड में लॉक डाउन होने के कारण बहुत से लोगों का रोजगार बंद हो गया, जिससे लोगोंं की आर्थिक स्थिति मैं संकट उत्पन्न हो गया. अब ऐसे समय में प्राइवेट स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों से विद्यालय प्रशासन फीस की मांग कर रहा था, जबकि लॉकडाउन के दौरान सारे स्कूल बंद थे.

उत्तराखंड हाई कोर्ट में दर्ज की गई याचिका में बताया गया कि उत्तराखंड के कई क्षेत्रों में अभी तक संचार सुविधा उपलब्ध नहीं है तो फिर किस प्रकार से बच्चों को ऑनलाइन शिक्षा प्राप्त हो सकती है.

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याचिकाकर्ता द्वारा यह शिकायत भी की गई थी,कि कुछ विद्यालय जबरन ऑनलाइन क्लासेस चला रहे हैं, और फिर जबरन फीस की मांग कर रहे हैं

22 जून को शिक्षा सचिव की तरफ से एक संदेश जारी किया गया था जिसमें यह आदेश दिया गया था कि जो जो विद्यालय ऑनलाइन शिक्षा दे रहे हैं वह अपने विद्यार्थियों से शिक्षण शुल्क ले सकते हैं.

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अब उत्तराखंड हाई कोर्ट ने यह साफ कर दिया है कि शिक्षा सचिव द्वारा दिए गए आदेश अनुसार विद्यालय प्रशासन अभिभावकों पर स्कूल फीस के लिए दबाव नहीं बनाएंगे. जो विद्यालय ऑनलाइन क्लासेज चला रहे हैं, वह केवल बच्चों से ट्यूशन फीस ले सकते हैं.

उत्तराखंड हाई कोर्ट द्वारा दिया गया यह निर्णय अभिभावकों के लिए मददगार होगा. लॉक डाउन के दौरान लोगों की आर्थिक स्थिति बिगड़ गई है. जिस वजह से अभिभावकों को पूरी फीस देने में भी समस्या हो रही थी.

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