हिन्दू लाइव डेस्क। कश्मीर फाइल्स फिल्म इन दिनों सुर्खियों में है। विवेक अग्निहोत्री द्वारा निर्मित इस फिल्म में खू’न से सने चावल खिलाने वाला एक सीन अब चर्चा का विषय बन गया है। दरअसल सन् 1990 के दशक में कश्मीरी हिंदुओं पर हुए अत्याचार पर बनीं इस फिल्म में पहले एक कश्मीरी पंडित की हत्या की जाती है और उसके बाद उसकी विधवा पत्नी को उसके दोनों बच्चों को जिंदा छोड़ने के लिए पति के खून से सने चावल खाने को देते हैं। इस सीन को देख अब उनके भाई शिबन कृष्ण गंजू ने एक बयान दिया है।

द कश्मीर फाइल्स फिल्म को देखने के बाद हर कोई इस फिल्म के डायरेक्टर की तारीफ कर रहा है। लोगों का कहना है कि ऐसा पहली बार हुआ है कि किसी ने फिल्म के माध्यम से सच दिखाया है। उस 90 के दशक में जान बचाकर भाग चुके कश्मीर हिन्दुओं ने फिल्म देखी तो अपने आंसू नहीं रोक सके। हालांकि इस फिल्म में सभी सीन इमोशनल करने वाले हैं मगर फिल्म के शुरुआती सीन में विधवा महिला को उसके पति के खू’न से सने हुए चावल खिलाए जाने वाले वीडियो पर अब सवाल खड़े होने लगे हैं।

बीके गंजू के भाई ने बताया सच

अब इस सीन पर बीके गंजू जो एक कश्मीरी पंडित थे उनकी पत्नी के साथ यह घटना हुई थी अब उनके भाई ने इस सीन की सच्चाई लोगों को बताई है। उनके छोटे भाई बाल कृष्ण गंजू ने हिंदी समाचार पत्र दैनिक भास्कर को दिए गए एक इंटरव्यू में बताया कि जब उन्होंने कश्मीर में हुए खू’नी मंज़र को अपने आंखों से देखा है। बीके गंजू के भाई ने बताया कि हत्या वाले दिन उनके भाई दफ्तर जाने के लिए तैयार हो रहे थे। वह घर की ऊपरी मंजिल पर थे। तभी 4 लोग घर में जबरन घुस गए।

भाभी ने नहीं बताई खू’न से सने चावल खिलाने की बात

“उन्हें मेरे भाई नहीं मिले तो पड़ोसियों ने आतंकवादियों को बता दिया कि वह ऊपर की मंजिल पर छिपे हुए हैं। वह चावल के ड्रम में छिपे हुए थे और आतंकवादियों ने उनके सीने में लगातार 8 गोलियां मारी। हत्या करने के बाद जब आतंकवादी नीचे आए तो बीके गंजू की पत्नी और बच्ची थे लेकिन आतंकवादियों ने उन्हें यह कहते हुए छोड़ दिया कि कोई रोने के लिए भी होना चाहिए।” और उन्होंने आगे कहा कि भाभी ने उनको खू’न से सने हुए चावल खिलाने की जानकारी नहीं दी थी।