UKSSSC PAPER LEAK मामले में STF द्वारा बड़ी कार्रवाई की गई है। RIMS कंपनी लखनऊ के मालिक राजेश चौहान को पेपर लीक करने तथा केंद्र पाल व अन्य के माध्यम से सौदा करने के साक्ष्य के आधार पर एसटीएफ ने गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी धामपुर निवासी नकल माफिया केंद्रपाल से पूछताछ के बाद हुई है।

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UKSSSC PAPER LEAK मामले में एसटीएफ ने अब तक 25 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। स्नातक स्तरीय भर्ती परीक्षा के पेपर लीक मामले में इससे पहले गिरफ्तार हाकम सिंह रावत को एसटीएफ धामपुर भी ले गई थी और वहां उससे कई घंटे पूछताछ की गई।

उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग RIMS कंपनी से भर्ती के पेपर छुपवाता था। कंपनी के मालिक राजेश चौहान पर आरोप है कि वह कंप्यूटर से पेनड्राइव के माध्यम से प्रश्न पत्रों को डाउनलोड कर केंद्र पाल को उपलब्ध कराता था। राजेश की गिरफ्तार से पूर्व में अन्य भर्तियों की गुणवत्ता पर भी सवाल पैदा हो गए हैं कि क्या उन में धांधली नहीं हुई होगी?

 

स्पेशल टास्क फोर्स द्वारा इस प्रकरण में यह 25वीं गिरफ्तारी है। बीते शुक्रवार को एसटीएफ ने उत्तर प्रदेश के रामपुर निवासी केंद्र पाल को गिरफ्तार किया था और पूछताछ में यह बात सामने आई कि केंद्रपाल की गिरफ्तार हो चुके हाकम सिंह रावत, चंदन मनराल, जगदीश गोस्वामी और ललित से काफी नजदीकियां थी।