सेल्यूट: 4 किमी पैदल चलकर बच्चों को पढ़ाने घर पर जाते हैं ये दो शिक्षक

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न्यूज़ डेस्क चमोली- चमोली जिले के 2 शिक्षक जो इस महामारी के समय भी 4 किमी पैदल चलकर बच्चों को घर पर पढ़ाते हैं.

जहां देश में चल रही महामारी के के कारण विद्यालय बंद है. जिसके कारण स्कूलोंं द्वारा ऑनलाइन पढ़ाई जारी की गई है. परंतुु उत्तराखंड राज्य के कई क्षेत्र ऐसे भी हैं, जहां आज भी संचार सुविधा के नाम पर कुछ भी नहीं है.

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चमोली जिले के 2 शिक्षक

चमोली जिले के 2 शिक्षक श्रीमती कमलेश परिहार और श्री डीसी पुरोहित जो थराली विकड़खण्ड के प्राथमिक विद्यालय आदरा के शिक्षक हैं. जिन्होंने इस महामारी के दौरान मिलकर एक मिसाल पेश की है.

आपको बता दें कि श्रीमती कमलेश परिहार कुलसारी मार्केट से परिहार 4 किमी पैदल चलकर एवं शिक्षक डीसी पुरोहित 3 किमी• सुनाऊँ थराली गांव से पैदल चलकर बच्चों को पढ़ाने जाते हैं.

फाइल फोटो

श्रीमती कमलेश परिहार से जब इस बारे में बात की गई तो उन्होंने बड़ी सरलता से उत्तर दिया उन्होंने कहा कि गांव में बहुत सारे लोग ऐसे हैं जो मजदूरी पर आश्रित हैं और कई लोगों के पास एंड्राइड फोन और ऑनलाइन शिक्षा ग्रहण करने की सामग्री नहीं है. जिस वजह से इनके द्वारा यह निर्णय लिया गया.

इस कार्य में इनका सहयोग श्री डीसी पुरोहित ने दिया, उन्होंने कहा कि हम उन बच्चों के लिए स्कूल की तरफ गए और उन्हें समाजिक दूरी को मद्देनजर रखते हुए पढ़ा रहे हैं,

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श्रीमती सुमन परिहार एवं श्री डीसी पुरोहित द्वारा किया गया यह कार्य वाकई सराहनीय है, जहां आजकल कई स्कूल और इंस्टिट्यूट ऑनलाइन के नाम पर लूट की खबरें आ रही है वहीं खबरें मन को हर्षित कर देने वाली हैं. इन महानुभाव कार्यों को देख कर एक लाइन याद आ जाती है (खैरियत नहीं पूछी जाती हैसियत से, शख्स निखर जाता है शख्सियत से) समाज मे ऐसे कर्णधारों का सम्मान होना चाहिए